Nvidia को पछाड़कर दूसरी वैल्यूएबल एसेट बनी चांदी, अब कौन रह गया है आगे?

नई दिल्ली: चांदी में तेजी का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रही है। आज चांदी की कीमत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 8 फीसदी तेजी के साथ पहली बार 82 डॉलर प्रति औंस के पार पहुंच गई। इसके साथ ही चांदी की मार्केट कैप 4.85 ट्रिलियन डॉलर पहुंच गया है। दुनिया की सबसे वैल्यूएबल कंपनी एनवीडिया का मार्केट कैप 4.638 ट्रिलियन डॉलर है। इस तरह चांदी एनवीडिया को पछाड़कर दुनिया की दूसरी वैल्यूएबल एसेट बन गई है। सोना करीब 30 ट्रिलियन डॉलर के मार्केट कैप के साथ पहले नंबर पर है।

इस साल चांदी की कीमत में 185 फीसदी तेजी आई है और यह 1979 के बाद अपने सबसे बेहतर प्रदर्शन की तरफ बढ़ रही है। चांदी की कीमत बढ़ने के कई कारण हैं। भारत में चांदी का यूज सिक्के, बर्तन और गहने बनाने में होता आया है। लेकिन हाल ही में इसका इंडस्ट्रियल यूज बढ़ा है। तेजी से उभरते तीन उद्योगों सोलर, इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) और सेमीकंडक्टर में चांदी का यूज हो रहा है। इससे चांदी की डिमांड बढ़ रही है लेकिन सप्लाई उतनी तेजी से नहीं बढ़ पा रही है।

क्यों बढ़ रही है कीमत?

चांदी की कीमत बढ़ने के और भी कई कारण हैं। मसलन आजकल लोग सोने और चांदी को मिलाकर गहने बना रहे हैं। इसके अलावा अमेरिका में ब्याज दरों में आई कमी ने भी कीमती धातुओं की मांग को बढ़ाया है। जब अमेरिका में ब्याज दरें कम होती हैं, तो डॉलर सस्ता हो जाता है। सोना और चांदी डॉलर में खरीदे-बेचे जाते हैं, इसलिए वे दूसरी करेंसीज के लिए सस्ते हो जाते हैं। इस कारण सोने और चांदी की मांग बढ़ जाती है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *