बिहार बनेगा चौथा राज्य, जहां ‘ATM’ से मिलेगा गेहूं और चावल, जानिए पहले नंबर पर कौन सा राज्य
पटना: बिहार में जल्द ही पैसे की तरह एटीएम से गेहूं, चावल निकलेगा। इससे राशन के लिए सरकारी दुकानों पर लगने वाली लाइनों से मुक्ति तो मिलेगी ही, साथ ही पब्लिश का समय भी बचेगा। बिहार सरकार ने केंद्र सरकार की ओर से ‘ग्रेन एटीएम’ के भेजे प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही बिहार देश का चौथा राज्य बन जाएगा, जहां ग्रेन एटीएम से राशन का वितरण किया जाएगा। फिलहाल ये योजना पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर बिहार के कुछ खास जिलों में शुरू की जाएगी।
ग्रेन एटीएम योजना के बारे में क्या कहना है मंत्री लेसी सिंह का?
बिहार की खाद्य उपभोक्ता एवं संरक्षण मंत्री लेसी सिंह ने ‘ग्रेन एटीएम’ के बारे में बताते हुए कहा कि राज्य में इसके शुरू होने से राशन वितरण में पारदर्शिता बढ़ेगी और गड़बड़ियों पर रोक लगेगी। उन्होंने बताया कि केंद्र की मोदी सरकार की ओर से बिहार सरकार के लिए एक चिट्ठी आयी थी। इसमें राशन वितरण के लिए इस योजना को लेकर सहमति मांगी गई थी। इस पर बिहार सरकार ने अपनी सहमति केंद्र सरकार को भेजी दी है। अब केंद्र सरकार की ओर से हरी झंडी मिलते ही राज्य में ग्रेन एटीएम योजना की शुरुआत हो जाएगी।
ग्रेन एटीएम से कैसे निकाल पाएंगे गेहूं?
ग्रेन एटीएम के बारे में जानकारी देते हुए लेसी सिंह ने कहा कि आप जैसे एटीएम मशीन से पैसे निकालते हैं, उसी तरीके पर ये मशीन काम करती है। जैसे एटीएम से पैसा निकालते हैं तो उसमें अपना एटीएम कार्ड लगाते हैं, फिर पिन डालकर रकम भरते और मशीन आपको उतने रुपये निकाल देती है। ठीक इसी तरह से आप अपना अनाज निकाल पाएंगे।
भारत में किस राज्य से शुरू हुई थी ग्रेन एटीएम योजना?
भारत में ग्रेन एटीएम योजना की शुरुआत ओडिशा से हुई थी। ओडिशा पहला राज्य है, जिसने अपने राशन कार्ड धारकों की सुविधा के लिए ये योजना शुरू की। बाद में राजस्थान और हरियाणा सरकार ने भी इसे अपने राज्य में शुरू किया।
