मिडिल ईस्ट टेंशन के बीच बड़ी खुशखबरी, भारत को मिला गैस का भंडार, पूरी डिटेल
नई दिल्ली: सरकारी कंपनी ऑयल इंडिया लिमिटेड ने अंडमान ऑफशोर बेसिन में एक नई नेचुरल गैस की खोज की है। यह ऐसे समय में हुआ है जब कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और जियोपॉलिटिकल तनाव ग्लोबल एनर्जी सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ा रहे हैं। केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंंह पुरी ने इस खोज लिए ऑयल इंडिया को बधाई दी है।
कंपनी ने बताया कि उसे अपने तीसरे एक्सप्लोरेटरी वेल (खोज के लिए खोदे गए कुएं), विजयपुरम-3 में गैस मिली है। इसे ओपन एकरेज लाइसेंसिंग पॉलिसी (OALP) के तहत AN-OSHP-2018/1 ब्लॉक में खोदा गया था।
कुएं की यह है लोकेशन
यह कुआं अंडमान द्वीप समूह के पूर्वी तट से लगभग 15 किलोमीटर दूर, 355 मीटर गहरे पानी में खोदा गया था। इस खोज के साथ ऑयल इंडिया ने अब तक ब्लॉक में खोदे गए तीन एक्सप्लोरेटरी वेल में से दो में हाइड्रोकार्बन की मौजूदगी का पता लगा लिया है।
कंपनी ने कहा कि इओसीन फॉर्मेशन में 1,900 मीटर से अधिक की गहराई पर शुरुआती प्रोडक्शन टेस्टिंग से नेचुरल गैस की मौजूदगी की पुष्टि हुई है।
OIL ने अपनी फाइलिंग में कहा, ‘इओसीन फॉर्मेशन में 1900 मीटर से अधिक की गहराई पर कुएं की शुरुआती प्रोडक्शन टेस्टिंग से लगातार फ्लेयरिंग के जरिए नेचुरल गैस की मौजूदगी का पता चला है।’
अभी इन चीजों का लगाया जा रहा पता
- कंपनी के अनुसार, परफोरेशन के तुरंत बाद कुएं से प्रोडक्शन शुरू हो गया।
- ऑपरेशन शुरू होने के कुछ ही समय बाद प्रेशर बढ़ने लगा।
- ऑयल इंडिया अभी गैस के कंपोजिशन, कैलोरीफिक वैल्यू और ओरिजिन का पता लगाने के लिए गैस सैंपलिंग कर रही है।
कंपनी ने कहा, ‘शुरुआती आकलन के अनुसार, यह मौजूदा प्रॉस्पेक्ट में सोर्स, माइग्रेशन पाथवे या हाइड्रोकार्बन के जमाव की मौजूदगी का एक अहम संकेत है। इससे भविष्य के एक्सप्लोरेशन प्रोग्राम की रणनीति बनाने में मदद मिलेगी।’
दूसरी बड़ी कामयाबी
यह नई खोज सितंबर 2025 में विजयपुरम-2 एक्सप्लोरेटरी वेल में नेचुरल गैस मिलने की खबर के बाद हुई है। ऑयल इंडिया ने बताया कि उसने पहले की खोज के लिए पहले ही एक अप्रेजल प्रोग्राम शुरू कर दिया है।
कंपनी ने ब्लॉक में उपलब्ध 2D सिस्मिक डेटा की रीप्रोसेसिंग और अतिरिक्त 600 वर्ग किलोमीटर के 3D सिस्मिक डेटा का अधिग्रहण पूरा कर लिया है। सिस्मिक डेटा की प्रोसेसिंग और इंटरप्रिटेशन का काम अभी चल रहा है। इसके बाद अप्रेजल वेल खोदने की योजना है।
ऑयल इंडिया के मुताबिक, चूंकि अंडमान शैलो ऑफशोर ब्लॉक में चल रहे एक्सप्लोरेशन कैंपेन के दौरान हाइड्रोकार्बन की मौजूदगी का यह दूसरा मामला है। इसलिए हम अपने महत्वपूर्ण स्टेकहोल्डर्स को इसकी जानकारी देना चाहते हैं।’
पेट्रोलियम मंत्री ने जाहिर की खुशी
पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, ‘अंडमान सागर में ऊर्जा के अवसरों का भंडार! यह बताते हुए बहुत खुशी हो रही है कि ‘ऑयल इंडिया लिमिटेड’ की ओर से अंडमान द्वीप समूह के पूर्वी तट से 15 किमी दूर, 355 मीटर की गहराई पर खोदे गए ‘श्री विजयपुरम-3′ नाम के एक्सप्लोरेटरी वेल में प्राकृतिक गैस मिली है।’
उन्होंने कहा कि प्राकृतिक गैस की यह मौजूदगी हमें ग्लोबल डीप-वॉटर एक्सप्लोरेशन एक्सपर्ट्स के साथ मिलकर अपने एक्सप्लोरेशन के टारगेट को आगे बढ़ाने में मदद करेगी। ‘अमृत काल’ की हमारी यात्रा में एक अहम मील का पत्थर साबित होगी!
