जीबीसी 4.0 के माध्यम से लगने वाले उद्यम बड़ी संख्या में देंगे रोजगार

लखनऊ । ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी (जीबीसी 4.0) के माध्यम से प्रदेश में 10 लाख करोड़ का निवेश धरातल पर उतारने वाली योगी सरकार इसके जरिए 34 लाख रोजगार भी सृजित करने जा रही है। युवाओं को ये रोजगार के अवसर पूरे प्रदेश यानी हर क्षेत्र, हर मंडल और हर जनपद में उपलब्ध होंगे। दिलचस्प बात ये है कि इन निवेश के माध्यम से कानपुर नगर और बुलंदशहर जैसे टियर 2/3 शहर भी बड़े पैमाने पर रोजगार के साधन उपलब्ध कराने जा रहे हैं। प्राप्त आंकड़ों के अनुसार कानपुर नगर में लगने जा रहे प्राइवेट इंडस्ट्रियल पार्क से ही सिर्फ 2.5 लाख लोगों को रोजगार मिलेगा। वहीं, बुलंदशहर में ओब्दु ग्रुप के द्वारा डिजिटल डॉक्टर क्लिनिक में किए जा रहे निवेश से भी 70 हजार लोग रोजगार से लाभान्वित होंगे। इसी तरह, कई अन्य जिलों में भी बड़े प्रोजेक्ट्स के जरिए व्यापक पैमाने पर रोजगार सृजित होने जा रहे हैं। 
योगी सरकार ने 19 फरवरी को राजधानी लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में 10 लाख करोड़ से अधिक की 14 हजार से ज्यादा परियोजनाओं का शुभारंभ किया। इसमें कानपुर नगर में प्राइवेट इंडस्ट्रियल पार्क का भूमि पूजन भी सम्मिलित था। मेगा लेदर क्लस्टर डेवलपमेंट (यूपी) लि. के माध्यम से इस परियोजना की शुरुआत की जा रही है, जिसमें 5850 करोड़ रुपए निवेश किए जा रहे हैं। प्राइवेट इंडस्ट्रियल पार्क परियोजना पूर्ण होने के बाद कानपुर नगर में इसके माध्यम से 2.5 लाख लोगों को रोजगार उपलब्ध हो सकेंगे। रोजगार के लिहाज से यह आंकड़ा जीबीसी 4.0 में सर्वाधिक है। उल्लेखनीय है कि कानपुर नगर में कुल 408 कंपनियां विभिन्न परियोजनाओं में 25,339 करोड़ रुपए का निवेश कर रही हैं, जिससे लाखों रोजगार धरातल पर उतरने जा रहे हैं। 
इसी तरह, ओब्दु ग्रुप अपनी सहायक कंपनी ओब्दु डिजिटल हेल्थ लि. के माध्यम से प्रदेश के कई शहरों में आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस आधारित विलेज हेल्थ सेंटर की स्थापना कर रहा है। यह विलेज हेल्थ सेंटर डिजिटल डॉक्टर क्लिनिक की तरह काम करेंगे, जहां सुदूर गांवों में मरीजों की स्वास्थ्य देखभाल के लिए टेलीमेडिसिन के साथ कर्मचारी की उपस्थिति में आने वाले मरीजों को तमाम तरह की हेल्थ फैसिलिटीज उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके माध्यम से अकेले बुलंदशहर में 3350 करोड़ रुपए का निवेश किया जा रहा है, जिससे 70 हजार से ज्यादा लोगों को रोजगार प्राप्त होगा। वहीं, यह परियोजना बुलंदशहर के बाद लखनऊ, प्रयागराज, फतेहपुर, गोण्डा, बहराइच, कन्नौज, कानपुर, सीतापुर, हरदोई, रायबरेली, मिर्जापुर, गाजीपुर, वाराणसी, शाहजहांपुर, बांदा, हमीरपुर, प्रतापगढ़, भदोई, कौशाम्बी, चित्रकूट और गोरखपुर जैसे जिलों में भी धरातल पर उतारी जाएगी। इस पर ग्रुप द्वारा लगभग 10 हजार करोड़ रुपए का निवेश किया जा रहा है तो प्रदेश भर में 1.90 लाख लोगों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार भी प्रदान किए जाएंगे। 
रियल एस्टेट सेक्टर के माध्यम से भी बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार के साधन मिलेंगे। निवेश के लिहाज से सबसे फेवरिट रहे गौतमबुद्ध नगर में एम4एम इंडिया प्रा. लि. द्वारा 7500 करोड़ के निवेश से रीयल एस्टेट एंड कॉमर्शियल प्रोजेक्ट की स्थापना की जा रही है जिससे 14 हजार रोजगार प्रदान किए जा रहे हैं। इसी तरह, प्रतीक रिलेटर्स इंडिया प्रा. लि. गाजियाबाद में 2600 करोड़ की निवेश राशि से मिक्स्ड यूज रियल एस्टेट प्रोजेक्ट पर काम कर रहा है, जो क्षेत्र में 5 हजार से अधिक रोजगार उत्पन्न करेगा। इसी प्रकार, चित्रा रियलकॉन प्रा. लि.गाजियाबाद में 500 करोड़ रुपए के निवेश से रियल एस्टेट एंड कॉमर्शियल प्रोजेक्ट पर काम कर रहा है। इससे 5000 रोजगार उपलब्ध कराए जाएंगे। 

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *