मुझे  देशवासियों से इन्साफ चाहिए – शेख हसीना

नई दिल्ली । बांग्लादेश छोड़ने के बाद पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने अपने पहले  बयान में कहा कि बांग्लादेश हिंसा में शामिल लोगों की जांच की जानी चाहिए.
शेख हसीना ने बांग्लादेश में दंगाइयों को दंडित करने की मांग की है. उन्होंने अपने पिता और बांग्लादेश के संस्थापक शेख मुजीबुर रहमान की मूर्ति को तोड़े जाने के मामले में न्याय की मांग की है.
अपने बेटे द्वारा एक्स पर पोस्ट किए गए तीन पन्नों के भावनात्मक बयान में, शेख हसीना ने 1975 में अपने पिता की हत्या के साथ शहीद हुए परिवार के सदस्यों की याद दिलाई.
बांग्लादेश में पांच अगस्त को शेख हसीना नीत सरकार के गिरने के बाद देशभर में भड़की हिंसा की घटनाओं में 230 से अधिक लोग मारे गए हैं. जुलाई के मध्य में पहली बार कोटा विरोधी प्रदर्शन शुरू होने के बाद से इस हिंसा में मरने वालों की कुल संख्या 560 हो गई है.
हसीना के नेतृत्व वाली सरकार के पतन के बाद बांग्लादेश में एक अंतरिम सरकार का गठन किया गया है और 84 वर्षीय नोबेल पुरस्कार विजेता मोहम्मद यूनुस को इसका अंतरिम प्रमुख बनाया गया है. यूनुस ने पिछले सप्ताह अपने 16-सदस्यीय सलाहकार परिषद के विभागों की घोषणा की.

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *