खजाने से भुगतान करने के लिए वित्त मंत्रालय की मंजूरी जरूरी

बजट होते हुए भी बिना अनुमति के नहीं कर सकेंगे, भुगतान

भोपाल । मध्य प्रदेश सरकार का विधानसभा से बजट पास हो चुका है। इसी बीच वित्त मंत्रालय ने खजाने से रकम निकालने के पूर्व, विभागाध्यक्षों पर वित्त विभाग से  अनुमति की शर्त लगा दी है।

 बिना अनुमति योजनाओं के भुगतान पर रोक


 बिना अनुमति के लाडली बहन योजना, लाडली बहन आवास योजना,साइकिल प्रदान करने की योजना, स्कूटी योजना, रोजगार प्रशिक्षण, कायाकल्प अभियान, प्रधानमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री कृषक मित्र योजना,महिलाओं के लिए रोजगार मूलक आर्थिक सहायता, मुख्यमंत्री ऋण समाधान योजना, रामपथ गमन अंचल विकास योजना, मुख्यमंत्री कृषक फसल उपार्जन सहायता, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, खाद भंडारण पर ब्याज अनुदान, पीएम श्री स्कूल, नए कॉलेजों की स्थापना और निर्माण, सुपर स्पेशलिटी अस्पताल की स्थापना, नए नर्सिंग कॉलेज का निर्माण, संबल योजना के लिए खर्च के पूर्व वित्त विभाग की अनुमति लेना अनिवार्य कर दिया गया है। बिना वित्त विभाग की अनुमति से उपरोक्त योजनाओं में कोई भुगतान नहीं होगा। 
 मध्य प्रदेश सरकार के वित्त विभाग ने जो नई गाइडलाइन जारी की है। उसके अनुसार अब खजाने से केवल अधिकारियों और कर्मचारियों के वेतन, भत्ते-पेंशन, छात्रवृत्ति, प्राकृतिक आपदा के तहत भुगतान, विशेष सेवाओं के लिए मानदेय का हीभुगतान किया जा सकेगा। मध्य प्रदेश सरकार के खजाने की आर्थिक स्थिति डवांडोल है। ऐसी स्थिति में वित्त विभाग ने पूर्व अनुमति आवश्यक कर दी है। बजट होने के बाद भी विभाग अब कोई भी राशि बिना वित्त विभाग की अनुमति के खजाने से नहीं निकाल सकेंगे। 

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *