सूर्यकुमार यादव ने किया माटी का तिलक, यूं पालथी मारकर बैठ गए, विश्व विजेता बनने पर रोहित शर्मा ने खाई थी घास

अहमदाबाद: टी20 वर्ल्ड कप के फाइनल में अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम की पिच पर घुटनों के बल बैठकर, मुट्ठी भर मिट्टी को अपने माथे से लगाते सूर्यकुमार यादव की तस्वीर ने करोड़ों भारतीयों का दिल जीत लिया है। न्यूजीलैंड को 96 रनों से धूल चटाने के तुरंत बाद कप्तान सूर्या भावुक हो गए और उन्होंने उस मिट्टी को नमन किया जिसने भारत को ट्रिपल क्राउन दिलाया। भारत अब दुनिया की पहली ऐसी टीम बन गई है जिसने लगातार दो बार (2024 और 2026) टी20 वर्ल्ड कप जीता है।

जब रोहित ने खाई थी पिच की घास

सूर्यकुमार यादव का यह मिट्टी को चूमने वाला अंदाज फैंस को साल 2024 की याद दिला गया, जब बारबाडोस में दक्षिण अफ्रीका को हराकर भारत चैंपियन बना था। उस वक्त टीम के कप्तान रोहित शर्मा जीत के बाद इतने भावुक हो गए थे कि उन्होंने पिच पर जाकर वहां की घास का एक टुकड़ा उखाड़कर खाया था। रोहित ने बाद में बताया था कि वह उस मैदान और उस पिच को हमेशा के लिए अपने अंदर बसा लेना चाहते थे जिसने भारत का 11 साल का सूखा खत्म किया था। सूर्या ने भी आज उसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए अपनी कर्मभूमि और माटी के प्रति सम्मान व्यक्त किया।

बुमराह और अक्षर ने कीवियों को किया पस्त

256 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम भारतीय गेंदबाजों के सामने पूरी तरह असहाय नजर आई। जसप्रीत बुमराह ने मात्र 15 रन देकर 4 विकेट चटकाए, जिससे कीवी टीम का टॉप ऑर्डर पूरी तरह ध्वस्त हो गया। इसके बाद अक्षर पटेल ने मिडिल ओवर्स में 3 विकेट झटककर किसी भी चमत्कार की गुंजाइश को खत्म कर दिया। न्यूजीलैंड की टीम 19 ओवरों में 159 रनों पर सिमट गई। टिम सेफर्ट (52 रन) और कप्तान मिशेल सैंटनर (43 रन) ने संघर्ष जरूर किया, लेकिन वे हार के अंतर को कम करने के अलावा कुछ नहीं कर सके।

फाइनल का सबसे बड़ा स्कोर

इससे पहले भारत ने टॉस हारकर बल्लेबाजी करते हुए टी20 वर्ल्ड कप फाइनल के इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर खड़ा किया। संजू सैमसन ने 89 रनों की कप्तानी पारी खेली, जबकि अभिषेक शर्मा (21 गेंदों में 52 रन) और ईशान किशन (54 रन) ने तूफानी शुरुआत दी। अंत में शिवम दुबे ने मात्र 8 गेंदों पर 26 रन कूटकर भारत का स्कोर 255/5 तक पहुंचाया। भारतीय टीम की इस आक्रामक बल्लेबाजी ने न्यूजीलैंड को मैच से पहले ही मानसिक रूप से बाहर कर दिया था।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *