ओल्ड सेक्रेटिएट में बनेगा नया प्रशासनिक कॉरिडोर:भोपाल में एक जगह होंगे कलेक्टोरेट, कमिश्नर-आईजी दफ्तर; टेंडर जारी
भोपाल, भोपाल के कोहेफिजा स्थित ओल्ड सेक्रेटिएट में ही नया प्रशासनिक कॉरिडोर बनेगा। जिसमें कलेक्टोरेट, कमिश्नर और आईजी कार्यालय होंगे। इसके टेंडर की प्रक्रिया भी हो गई है।
हाउसिंग बोर्ड ने मौजूदा कलेक्टोरेट परिसर में ही नए कंपोजिट एडमिनिस्ट्रेटिव हब के निर्माण का आधिकारिक टेंडर जारी कर दिया है। इसके साथ ही पर्यावरणीय अड़चनों में फंसा प्रोफेसर कॉलोनी वाला पुराना प्रस्ताव भी समाप्त हो गया है। अब ओल्ड सेक्रेटिएट परिसर ही भोपाल का नया प्रशासनिक कॉरिडोर बनेगा, जहां कलेक्टोरेट, कमिश्नर और आईजी कार्यालय एक ही परिसर में संचालित होंगे।
प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत 217.96 करोड़
इस निर्माण के बदले चयनित डेवलपर को पुराने सचिवालय परिसर में 3.36 हेक्टेयर जमीन कंपंसेटरी लैंड पार्सल (सीएलपी) के रूप में मालिकाना हक के साथ दी जाएगी। इस जमीन का मिक्स लैंड यूज रखा गया है, यानी यहां रेसीडेंशियल और कमर्शियल हाईराइज प्रोजेक्ट विकसित किए जा सकेंगे। प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत 217.96 करोड़ रुपए है, जबकि बदले में दी जाने वाली जमीन की कीमत 256.92 करोड़ रुपए आंकी गई है। यह पूरा मॉडल राज्य सरकार की री-डेंसिफिकेशन नीति के तहत लागू किया जा रहा है, ताकि सरकारी खजाने पर सीधा वित्तीय बोझ न पड़े।
एक परिसर में होंगे तीन बड़े दफ्तर
प्रोजेक्ट के तहत जी+7 कंपोजिट ऑफिस बिल्डिंग बनाई जाएगी, जिसमें कलेक्टर कार्यालय, संभागायुक्त कार्यालय और आईजी कार्यालय संचालित होंगे। इसके अलावा जी+2 मल्टीलेवल पार्किंग बनाई जाएगी, जिसमें 80 ईसीएस क्षमता रहेगी। परिसर में संप वेल, बिजली सब-स्टेशन और सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट जैसी सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी।
3 हिस्सों में बांटी गई डेवलपमेंट लैंड
डेवलपर को दी जाने वाली जमीन तीन हिस्सों में बांटी है। सीएलपी-1 सबसे बड़ा 2.15 हेक्टेयर का ब्लॉक होगा। 0.63 हेक्टेयर और 0.58 हेक्टेयर के दो अन्य पार्सल भी शामिल किए गए हैं।
